Dairy Farming Subsidy : केंद्र सरकार और राज्य सरकार की योजनाओं के तहत न केवल ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं, बल्कि खेती के साथ-साथ पशुपालन क्षेत्रों को बढ़ावा देने का कार्य भी किया जा रहा है। जिससे पशुपालकों एवं किसानों को आर्थिक सहायता के साथ ही व्यवसाय को आगे बढ़ाने में मदद मिल रही है। इस बीच झारखंड में पशुपालन को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की सरकार लगातार प्रयास कर रही है। इसके लिए कृषि, पशुपालन और सहकारिता विभाग द्वारा योजनाएं भी चलाई जा रही है, जिनके तहत डेयरी फार्म का विस्तार करने के लिए लोगों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। इसके लिए राज्य सरकार की ओर सब्सिडी भी दी जा रही है। राज्य में पशुपालन को बढ़ावा देने के उद्देश्य मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने “मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना” शुरू की है। इस योजना में किसानों को गाय और भैंस जैसे दुधारू पशु खरीदने के लिए सब्सिडी दी जा रही है, योजना का लाभ उठाते हुए किसान बिना किसी वित्तीय परेशानी के डेयरी फार्मिंग का व्यवसाय शुरू कर सकते हैं और अपने लिए रोजगार के लिए नए विकल्प सुनिश्चित कर सकते हैं। साथ ही राज्य में दूध उत्पादन बढ़ाने में अपना योगदान भी कर सकते हैं।
मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना का लक्ष्य झारखंड के किसानों को सब्सिडी प्रदान करके पशुपालन से जुड़ने के लिए प्रोत्साहित करना है। सरकार की इस पहल का उद्देश्य किसानों को उच्च गुणवत्ता वाले दुधारू मवेशी खरीदने एवं डेयरी फार्म व्यवसाय शुरू करने में सक्षम बनाकर उनकी आजीविका में सुधार करना है। आर्थिक रुप से कमजोर वर्ग के लोगों को इस योजना के अंतर्गत गाय-भैंस की खरीद के लिए सरकार वित्तीय सहायता प्रदान करती है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा शुरू की गई “मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना” (Mukhyamantri Pashudhan Vikas Yojana 2024) का उद्देश्य पशुपालन को बढ़ावा देकर किसानों की आय में वृद्धि करना है। राज्य में दूध उत्पादन में वृद्धि लाकर मांग एवं उपलब्धता के बीच अंतर को कम करना है। ग्रामीण क्षेत्र में पशुपालन के माध्यम से स्वरोजगार सृजन तथा अतिरिक्त घरेलू आमदनी का सृजन करना है।
कृषि, पशुपालन और सहकारिता विभाग की इस योजना से ग्रामीण क्षेत्र में पशुपालकों को स्वरोजगार सृजन कर अपनी आमदनी में वृद्धि करने का मौका मिलेगा। झारखंड सरकार मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना में दुधारू पशुओं (गाय और भैंस) की खरीद के लिए 90 प्रतिशत तक की सब्सिडी दे रही है। यह सब्सिडी खास तौर पर अनाथों, दिव्यांग व्यक्तियों, विधवाओं और निःसंतान दंपत्तियों को दी जाती है। वहीं, अन्य आर्थिक रूप से पिछले समूहों के लिए 75 प्रतिशत सब्सिडी इस योजना के तहत दी जाती है। शेष राशि लाभार्थी किसानों को स्वयं चुकानी पड़ती है। इस योजना के तहत दी जाने वाली सब्सिडी की राशि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में हस्तांतरित की जाती है।
पशुधन विकास योजना में लाभ लेने के लिए इच्छुक आवेदक को इन शर्तों को पूरा करना होगा, जो इस प्रकार है:-
Website - TractorGuru.in
Instagram - TractorGuru Instagram Page
Facebook - TractorGuru Facebook Page
बिहार में ट्रैक्टर समेत 86 कृषि यंत्रों पर सब्सिडी, 30 सितंबर तक करें ऑनलाइन आवेदन
PM-RKVY और कृषोन्नति योजना के तहत ₹1,183 करोड़ जारी
कीट नियंत्रण ट्रैप पर किसानों को मिलेगी 75% की सब्सिडी
दूध के साथ गोबर-गौमूत्र से कमाई! नंदिनी योजना में ₹31 लाख तक अनुदान
Eicher 242 vs 188: Which is better for small and medium-sized farms?
Yamaha Strengthens Prospr with Smart Weed-Control Technology