ट्रैक्टर समाचार सरकारी योजना समाचार कृषि समाचार कृषि मशीनरी समाचार मौसम समाचार कृषि व्यापार समाचार सामाजिक समाचार सक्सेस स्टोरी समाचार

पराली से बनेगा उपयोगी ईंधन, 5 साल में लगेंगे 100 प्लांट जानें योजना की पूरी जानकारी

पराली से बनेगा उपयोगी ईंधन, 5 साल में लगेंगे 100 प्लांट जानें योजना की पूरी जानकारी
पोस्ट -30 अगस्त 2023 शेयर पोस्ट

जानें, रिलायंस समूह की पराली समस्या समाधान की योजना के बारे में

भारत एक कृषि प्रधान देश है। यहां सबसे अधिक धान, गेहूं, मक्का, बाजारा, सरसों, सोयाबीन आदि की खेती होती है। इस तरह की फसलों में पराली अधिक निकलती है और इस पराली को किसान खेतों में ही जला देने को मजबूर होते हैं। इससे दिल्ली सहित कई महानगरों में आसपास के गांवों में पराली जलाने से जबरदस्त प्रदूषण फैलता है। पराली से फैलने वाले स्मॉग के कारण पूरे उत्तर भारत के गांव और शहरों में लोगों को सांस ले पाना भी कठिन हो जाता है। ऐसे में केंद्र और राज्य सरकारें भी पराली के निस्तारण के लिए कई तरह की योजनाएं संचालित कर रही हैं लेकिन यहां रिलायंस समूह के ऐसे मेगा प्रोजेक्ट की रोचक जानकारी आपको ट्रैक्टर गुरू के इस आर्टिकल में उपलब्ध करवा रहे हैं जो पराली समस्या के समाधान में देश का सबसे बड़ा कदम माना जा रहा है। जी, हां रिलायंस पराली से ईंधन बनाने वाला भारत का सबसे बड़ा मैन्युफैक्चरर बन गया है वहीं यह अगले पांच सालों में देश में 100 से ऐसे प्लांट लगाएगा जिनसे 20 लाख टन कार्बन का उत्सर्जन कम  हो सकेगा।

New Holland Tractor

पराली समस्या को ऐसे दूर करेगा रिलायंस

भारत में पराली समस्या के समाधान की दिशा में रिलायंस ने अब तक जो काम किया है वह काफी सराहनीय है। यह उद्योग समूह पराली से ईंधन बनाने वाला देश का पहला उत्पादक भी बन गया है। रिलायंस कंपनी ने उत्तरप्रदेश के बारांबंकी में पहला कंप्रेस्ड बायोगैस प्लांट स्थापित किया है। वहीं आगामी 5 वर्षों में रिलायंस 100 और संयंत्र देश के विभिन्न शहरों में स्थापित करेगा। इन प्लांट्स का यह फायदा होगा कि इससे 55 लाख टन एग्रीकल्चर अवशेष और जैविक कचरा कम हो जाएगा। वहीं लगभग 25 लाख टन जैविक खाद भी तैयार किया जा सकेगा।

खेती के अनुसार सही ट्रैक्टर को चुने - Tractor 

वायु प्रदूषण पर भी लगेगी रोक

रिलायंस की ओर से लगाए जाने वाले 100 से अधिक प्लांटों के कारण देश में पराली से फैलने वाला प्रदूषण पूरी तरह से कंट्रोल होने के अनुमान लगाए जा रहे हैं। वहीं रिलायंस की इस बड़ी योजना के साकार होने पर वायु प्रदूषण पर रोक लग सकेगी। वर्तमान में दिल्ली, नोएडा, पंजाब, हरियाणा और उत्तरप्रदेश में पराली जलाने के कारण जबर्दस्त प्रदूषण फैलता है। रिलायंस अब इस समस्या का अंत करने के लिए बहुत बड़ा प्रोजेक्ट लेकर आया है।

क्या है रिलायंस की कंप्रेस्ड बायोगैस तकनीक?

देश के प्रमुख उद्योग समूह रिलायंस ने पराली समाधान के लिए उत्तरप्रदेश के बारांबंकी में पहला कंप्रेस्ड बायोगैस प्लांट स्थापित किया है। यह स्वदेशी स्तर पर रिलायंस द्वारा विकसित की गई नई तकनीक है। इस तकनीक का विकास रिलायंस की जामनगर स्थित विश्व की सबसे बड़ी रिफायनरी में किया गया था। यह  जानकारी कंपनी चेयरमेन मुकेश अंबानी  ने रिलायंस की 46 वीं वार्षिक आमसभा में दी। एक साल पहले रिलायंस पराली से ईंधन बनाने वाला देश का सबसे बड़ा उत्पादक बन गया है।

महिंद्रा ट्रैक्टर की कीमत की जानकारी के लिए इस लिंक पर क्लिक करें - Mahindra Tractor

100 गीगावॉट एनर्जी उत्पाद का टारगेट

रिलायंस जहां एक ओर पराली से ईंधन बनाने के लिए देश भर में 100 से ज्यादा प्लांट लगाने का लक्ष्य लेकर चल रहा है वहीं यह ग्रुप पवन ऊर्जा के क्षेत्र में भी बड़ी छलांग लगाने को तैयार है। कंपनी का दावा है कि वह 2030 तक  100 गीगावॉट ऊर्जा का उत्पादन करेगा। इसके लिए पवन चक्कियों के ब्लैड निर्माण के लिए बड़े स्तर पर फाइबर का उत्पादन भी किया जाएगा। इसके लिए रिलायंस अनेक बहुराष्ट्रीय कंपनियों से संपर्क कर रही है।

केंद्र सरकार ने पराली समस्या के क्या कदम उठाए?

पराली समस्या के निराकरण के लिए केंद्र सरकार की ओर से किसान कल्याण मंत्री नरेंद्रसिंह तोमर और पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव की संयुक्त अध्यक्षता में पिछले दिनों  बैठक आयोजित की गई । इसमें दिल्ली एवं राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के अलावा पंजाब, हरियाणा, उत्तरप्रदेश आदि राज्यों में पराली जलाने की समस्या पर रोक लगाए जाने पर गहन विचार किया गया। बैठक में राज्यों ने पराली जलाने को रोकने संबंधी अपनी कार्य योजना भी इस बैठक में प्रस्तुत की। इसके अलावा अवशेष प्रबंधन मशीन फसल कटाई के समय किसानों को उपलब्ध कराने, धान के भूसे का समुचित प्रबंधन करने ,बिजली बायोमास संयंत्र उपयोगकर्ताओं को कच्चा माल उपलब्ध कराने आदि कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। 

Website - TractorGuru.in
Instagram - https://bit.ly/3wcqzqM
FaceBook - https://bit.ly/3KUyG0y

Call Back Button

क्विक लिंक

लोकप्रिय ट्रैक्टर ब्रांड

सर्वाधिक खोजे गए ट्रैक्टर