खेत में ऊंच-नीच होने पर सिंचाई का पानी कहीं ज्यादा और कहीं कम पहुंचता है। इससे पानी की बर्बादी हो सकती है और फसल की बढ़वार भी प्रभावित हो सकती है। इसलिए अच्छी फसल बढ़वार और सिंचाई के बेहतर प्रबंधन के लिए खेत का समतल यानी सतह का सपाट होना काफी महत्वपूर्ण माना जाता है।खेत की सतह को सही तरीके से समतल (Levelling) करने के लिए लेजर लैंड लेवलर किसानों के लिए एक आधुनिक और उपयोगी कृषि उपकरण है। इसमें लेजर तकनीक की मदद से खेत की सतह को अधिक सटीकता से समतल किया जाता है।
भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) भी लेजर लैंड लेवलिंग को पानी, पोषक तत्व, श्रम और ऊर्जा की बचत करने वाली संसाधन-संरक्षण तकनीकों में शामिल करता है। आइए, जानते हैं कि लेजर लैंड लेवलर क्या है, खेत में इसका इस्तेमाल कैसे किया जाता है और पानी की बचत से लेकर फसल की बेहतर बढ़वार तक के लिए इसके क्या फायदे हैं।
लेजर लैंड लेवलर एक ट्रैक्टर-चलित आधुनिक कृषि उपकरण है, जिसका इस्तेमाल खेत की ऊंची-नीची असमान सतह को सटीक तरीके से एकदम समतल या एकसमान बनाने के लिए किया जाता है। इसमें लेजर ट्रांसमीटर, रिसीवर, कंट्रोल सिस्टम और लेवलिंग ब्लेड जैसे प्रमुख हिस्से होते हैं। लेजर सिस्टम खेत की सतह की ऊंचाई को पहचानता है और उसी के आधार पर ब्लेड मिट्टी को काटकर ऊंचे हिस्से से नीचले हिस्से की ओर ले जाता है। इस प्रक्रिया से खेत की सतह को सटीकता से एक समान बनाया जा सकता है।
नीचे विस्तार से जानिए खेती में लेजर लैंड लेवलर के इस्तेमाल से मिलने वाले प्रमुख फायदों के बारे में ।
लेजर लैंड लेवलर का सबसे बड़ा फायदा पानी के बेहतर वितरण के रूप में देखा जाता है। खेत समतल होने पर सिंचाई का पानी पूरे खेत में अपेक्षाकृत समान रूप से फैलता है और एक जगह पानी ज्यादा जमा होने तथा दूसरी जगह कम पहुंचने की समस्या घट सकती है। खासकर गेहूं, धान और अन्य सिंचित फसलों में यह किसानों के लिए काफी उपयोगी हो सकती है।
पारंपरिक तरीके से समतल किए गए खेत में छोटी-छोटी ऊंच-नीच बनी रह सकती है। ऐसे खेत में सिंचाई करने पर पानी पहले निचले हिस्से में जमा हो सकता है, जबकि ऊंचे हिस्से तक पानी देर से पहुंचता है। लेजर लेवलिंग से खेत की सतह अधिक समान होने पर पानी के वितरण में सुधार हो सकता है। इससे फसल के अलग-अलग हिस्सों में नमी की स्थिति अधिक समान रखने में मदद मिलती है।
खेत में नमी का वितरण समान होने से बुवाई के बाद बीजों को आवश्यक नमी मिलने में मदद मिल सकती है। इससे अंकुरण अधिक समान होने की संभावना रहती है। एक समान अंकुरण से फसल की शुरुआती बढ़वार बेहतर हो सकती है और खेत में पौधों की संख्या में अनावश्यक अंतर कम किया जा सकता है। हालांकि, फसल की असली पैदावार मिट्टी, बीज, खाद, सिंचाई, मौसम और खेत प्रबंधन जैसे कई कारकों पर निर्भर करती है। इसलिए लेवलिंग को अकेला समाधान नहीं मानना चाहिए।
समान खेत में सिंचाई का पानी अधिक प्रभावी ढंग से इस्तेमाल होता है। इससे पंप को जरूरत से ज्यादा समय तक चलाने की आवश्यकता कम हो सकती है और पानी उठाने में इस्तेमाल होने वाली ऊर्जा की भी बचत हो सकती है।
समतल खेत में पानी का वितरण बेहतर होने के कारण अनावश्यक जलभराव की समस्या को कम करने में मदद मिल सकती है। हालांकि, भारी बारिश या खराब जल निकासी वाले खेत में केवल लेजर लेवलिंग से जलभराव की समस्या पूरी तरह खत्म नहीं होती। ऐसी स्थिति में खेत की उचित ड्रेनेज (जल निकासी) व्यवस्था भी जरूरी है।
जब खेत में नमी की स्थिति अधिक समान होती है, तो पौधों को पोषक तत्वों का उपयोग करने के लिए बेहतर परिस्थितियां मिल सकती हैं। साथ ही, बार-बार पारंपरिक तरीके से खेत समतल करने में लगने वाला समय और मजदूरी भी कम हो जाती है। छोटे ओर सीमांत किसानों के लिए यह मशीन खरीदना महंगा पड़ सकता है, इसलिए इसे कस्टम हायरिंग सेंटर या किराये पर उपलब्ध सेवा के माध्यम से इस्तेमाल करना व्यावहारिक विकल्प हो सकता है।
लेजर लैंड लेवलर से खेत समतल करने का फायदा विशेष रूप से उन फसलों में देखा जा सकता है, जहां सिंचाई का प्रबंधन महत्वपूर्ण होता है। इसका इस्तेमाल निम्न फसलों के खेतों में किया जा सकता है:
हालांकि, उपकरण का इस्तेमाल फसल और खेत की मौजूदा स्थिति के अनुसार करना चाहिए।
ट्रैक्टर की HP क्षमता उपकरण के आकार, वजन, मिट्टी की स्थिति और निर्माता की सिफारिश पर निर्भर करता है। खरीदने से पहले ट्रैक्टर की हॉर्सपावर, हाइड्रोलिक लिफ्ट क्षमता, उपकरण का वजन, लेवलर की कार्य चौड़ाई और खेत की मिट्टी की जांच जरूर करें।
लेजर लेवलिंग से बेहतर परिणाम पाने के लिए खेत की शुरुआती तैयारी भी महत्वपूर्ण है।
लेजर लैंड लेवलर आधुनिक खेती में सटीक लेवलिंग के लिए एक उपयोगी उपकरण है। इससे खेत में सिंचाई के पानी का वितरण बेहतर करने, पानी और ऊर्जा के उपयोग को अधिक प्रभावी बनाने तथा फसल की समान बढ़वार के लिए बेहतर परिस्थितियां तैयार करने में मदद मिल सकती है। अगर आपके खेत में ऊंच-नीच ज्यादा है और सिंचाई के दौरान पानी का वितरण असमान रहता है, तो लेजर लैंड लेवलर एक उपयोगी विकल्प हो सकता है। छोटे और मध्यम किसान मशीन खरीदने के बजाय कस्टम हायरिंग या किराये की सुविधा का इस्तेमाल कर लागत कम कर सकते हैं। छोटे और मध्यम किसान मशीन खरीदने के बजाय कस्टम हायरिंग सेंटर या किराये की सुविधा का इस्तेमाल कर लागत कम कर सकते हैं।
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